दुमका (Dumka): झारखण्ड के दुमका जिले के मसलिया प्रखंड क्षेत्र के हरोरायडीह मोड़ से झिलुवा होते हुए गोलबंधा तक जाने वाली लगभग 10 किलोमीटर लंबी सड़क पिछले एक दशक से जर्जर हालत में है। सड़क की बदहाली के कारण मसलिया के पश्चिमी क्षेत्र के हजारों ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीण गंगाधर भंडारी, यमुना भंडारी, शंकर भंडारी, विनोद भंडारी, सुरेंद्र भंडारी एवं राम शंकर भंडारी ने बताया कि इस सड़क का निर्माण करीब 13 वर्ष पहले भाजपा सरकार के कार्यकाल में हुआ था। निर्माण के बाद से अब तक सड़क की मरम्मत या सुदृढ़ीकरण नहीं किया गया, जिससे इसकी स्थिति लगातार खराब होती चली गई। सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं और कई स्थानों पर पत्थर उखड़ चुके हैं। बरसात के दिनों में गड्ढों में पानी भर जाने से सड़क पर चलना और भी मुश्किल हो जाता है। पैदल यात्रियों के साथ-साथ दोपहिया वाहन चालकों के लिए यह मार्ग दुर्घटना का कारण बन रहा है। ग्रामीणों के अनुसार कई लोग गड्ढों की वजह से गिरकर घायल भी हो चुके हैं। इस सड़क से गोलबंधा, नायडीह, कुंजवन सहित आसपास के सैकड़ों गांवों के लोग मसलिया थाना, प्रखंड कार्यालय और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आते-जाते हैं। सड़क की बदहाली के कारण गंभीर मरीजों को अस्पताल पहुंचाने के लिए निश्चितपुर होकर लंबा रास्ता तय करना पड़ता है, जिससे समय और खर्च दोनों बढ़ जाते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों को सड़क की खराब स्थिति से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं हुई। ग्रामीणों ने सरकार से जर्जर सड़क की शीघ्र मरम्मत, सुदृढ़ीकरण और चौड़ीकरण कराने की मांग की है, ताकि क्षेत्र के लोगों को आवागमन में राहत मिल सके।
Report by मौशम कुमार गुप्ता








